वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्यय की समीक्षा को लेकर जिला स्तरीय बैठक आयोजित, 31 मार्च से पूर्व शत-प्रतिशत व्यय सुनिश्चित करने का निर्देश
समाहरणालय स्थित सभागार में जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त, गोड्डा श्रीमती अंजली यादव की अध्यक्षता में वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत विभिन्न विभागों को प्राप्त आवंटन के विरुद्ध आय-व्यय की समीक्षा को लेकर एक महत्वपूर्ण जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई।*
*बैठक में जिले के सभी प्रमुख विभागों द्वारा अब तक किए गए व्यय, लंबित राशि, योजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति तथा आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की गई। उपायुक्त ने विभागवार समीक्षा करते हुए अधिकारियों से योजनाओं की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।*
*उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति से पूर्व, अर्थात 31 मार्च 2026 तक, सभी विभाग अपने-अपने आवंटित बजट का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक विलंब न हो तथा समयबद्ध एवं लक्ष्य आधारित कार्य प्रणाली अपनाई जाए।*
*उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। अतः सभी पदाधिकारी आपसी समन्वय स्थापित करते हुए कार्य करें और यह सुनिश्चित करें कि स्वीकृत योजनाएं धरातल पर प्रभावी रूप से लागू हों।*
*बैठक के दौरान उपायुक्त ने विशेष रूप से निर्देशित किया कि सभी विभाग अपने व्यय से संबंधित अद्यतन विवरण नियमित रूप से उपलब्ध कराएं तथा वित्तीय अनुशासन का पालन करते हुए पारदर्शिता बनाए रखें। साथ ही, योजनाओं के क्रियान्वयन में गुणवत्ता, निगरानी एवं प्रभावशीलता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।*
*उन्होंने लंबित योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने, प्रगति की सतत मॉनिटरिंग करने तथा आवश्यकतानुसार फील्ड विजिट के माध्यम से कार्यों का सत्यापन करने का भी निर्देश दिया।*
बैठक में उप विकास आयुक्त श्री दीपक कुमार दूबे, अपर समाहर्ता श्रीमती प्रेमलता मुर्मू सहित जिले के सभी विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।