गोड्डा -**संत सद्गुरु महर्षि मेंही परमहंस जी महाराज की जयंती के पावन अवसर पर न्याय की जीत, संपादक नूर हसन जेल से रिहा**
30 अप्रैल को संत सद्गुरु महर्षि मेंही परमहंस जी महाराज की जयंती श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई गई। इस पावन दिन को और भी खास बनाते हुए एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया, जब पत्रकारिता जगत से जुड़े संपादक नूर हसन को जेल से रिहा कर दिया गया। इस रिहाई को लोगों ने “सत्य की जीत” के रूप में देखा। जयंती के शुभ अवसर पर यह घटना सामाजिक और नैतिक दृष्टि से भी एक सकारात्मक संदेश देती है कि अंततः सत्य की ही विजय होती है। जयंती समारोह के दौरान जगह-जगह प्रभात फेरी, सत्संग और भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया, जहां श्रद्धालुओं ने गुरु महाराज के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। इसी बीच नूर हसन की रिहाई की खबर ने भक्तों और आम लोगों में खुशी की लहर दौड़ा दी। स्थानीय लोगों और पत्रकारों ने इसे न्याय और सत्य की जीत बताते हुए कहा कि यह दिन इतिहास में एक विशेष संदेश के रूप में याद किया जाएगा।