गोपाल शर्मा
झारखंड/ साहिबगंज।
जिले में शैक्षणिक गुणवत्ता सुधार और छात्र उपस्थिति सुनिश्चित करने की दिशा में जिला शिक्षा अधीक्षक (DSE) कुमार हर्ष ने आज बोरियो एवं बरहेट प्रखंड के कुल 5 सरकारी विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई विद्यालयों में छात्र उपस्थिति मात्र 40 से 50 प्रतिशत पाई गई, जिस पर जिला शिक्षा अधीक्षक ने गहरी असंतुष्टि व्यक्त की और तत्काल सुधार के निर्देश दिए।

निरीक्षण के क्रम में डीएसई ने विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों एवं शिक्षकों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए कि सभी शिक्षक समय पर विद्यालय पहुंचे तथा निर्धारित समय के अनुसार नियमित रूप से कक्षाएं संचालित करें। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि अभिभावकों को जागरूक किया जाए ताकि वे अपने बच्चों को प्रतिदिन विद्यालय भेजें।

मुख्य निर्देशों में शामिल—
- शिक्षक समय पर विद्यालय आएं और नियमित रूप से पढ़ाई कराएं।
- अभिभावकों को छात्रों की उपस्थिति सुनिश्चित करने हेतु प्रेरित करें।
- मेनू के अनुसार मिड डे मील की व्यवस्था हो तथा भोजन की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए।
- विद्यालयों में छात्र उपस्थिति रजिस्टर की नियमित निगरानी की जाए।
- यदि छात्र संख्या के अनुपात में अतिरिक्त कमरों की आवश्यकता हो, तो उसका विवरण शीघ्र जिला कार्यालय को भेजा जाए।
निरीक्षण दल को दिए गए निर्देश—

डीएसई ने संबंधित BEEO, BPO और CRP अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे विद्यालयों की उपस्थिति की स्थिति पर बारीकी से निगरानी रखें और नियमित रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
साथ ही बीईईओ को यह भी आदेश दिया गया कि वे चालू वर्ष हेतु यूनिफॉर्म वितरण रिपोर्ट प्रधानाध्यापक द्वारा हस्ताक्षरित प्रति सहित जिला कार्यालय को उपलब्ध कराएं।

डीएसई कुमार हर्ष ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी विद्यालय में उपस्थिति एवं शिक्षण व्यवस्था में सुधार नहीं पाया गया, तो संबंधित विद्यालय एवं कर्मियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने सभी विद्यालयों में शिक्षण वातावरण को सकारात्मक और सक्रिय बनाए रखने, छात्रों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर विशेष जोर दिया।

