गोपाल शर्मा
झारखंड/ साहिबगंज।
विश्व बाल दिवस के अवसर पर बच्चों के अधिकारों, सुरक्षा एवं सर्वांगीण विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से नगरपालिका कन्या उच्च विद्यालय, नया टोला (पुरानी साहेबगंज) में जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी की अध्यक्षता में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय की छात्राओं सहित शिक्षकों, बाल संरक्षण इकाई के कर्मियों तथा चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने सक्रिय रूप से भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने बताया कि विश्व बाल दिवस हर वर्ष 20 नवंबर को बच्चों के अधिकारों, सुरक्षा और कल्याण को बढ़ावा देने के मकसद से मनाया जाता है। यह दिवस इसलिए भी विशेष महत्व रखता है क्योंकि वर्ष 1959 में बाल अधिकारों की घोषणा तथा 1989 में UNCRC (बाल अधिकारों पर संयुक्त राष्ट्र अभिसमय) इसी दिन अंगीकृत किया गया था। संयुक्त राष्ट्र ने 1954 में इस दिवस की शुरुआत की थी।
जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी ने अपने संबोधन में बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा, बाल अधिकारों, किशोर न्याय अधिनियम (JJ Act), बाल श्रम, बाल तस्करी, बाल विवाह की रोकथाम, प्रायोजन योजना, आफ्टर केयर एवं फोस्टर केयर जैसी योजनाओं पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बच्चों के लिए सुरक्षित, सम्मानजनक और सक्षम वातावरण तैयार करना पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।

चाइल्ड हेल्पलाइन साहिबगंज (1098) के परियोजना समन्वयक ने उपस्थित विद्यार्थियों को जागरूक करते हुए बताया कि जरूरतमंद, शोषित, भटके हुए या खतरे में पड़े किसी भी बच्चे की सूचना तुरंत 1098 पर दें। यह सेवा पूरी तरह निःशुल्क एवं 24×7 उपलब्ध है। उन्होंने बाल श्रम, अत्याचार और तस्करी जैसे मामलों में त्वरित सहयोग की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी।
कार्यक्रम में जिला बाल संरक्षण इकाई एवं चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम मौजूद रही, जिन्होंने छात्रों को पम्पलेट और अन्य सामग्री के माध्यम से बाल अधिकारों और उपलब्ध सहायताओं की जानकारी प्रदान की।

