किसानों को समय पर बीज, खाद और ऋण उपलब्ध कराने का निर्देश, कालाबाजारी रोकने पर जोर
साहिबगंज, प्रतिनिधि।
जिले में खरीफ मौसम की तैयारियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी दीपक कुमार दुबे ने सोमवार को कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं, उर्वरक उपलब्धता, बीज वितरण, मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन तथा किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) योजना की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में उन्होंने किसानों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने के निर्देश दिए।

बैठक में उर्वरकों की उपलब्धता एवं कालाबाजारी रोकने के उपायों पर विशेष चर्चा हुई। जिला कृषि पदाधिकारी प्रमोद एक्का ने बताया कि जिले में गठित संयुक्त प्रवर्तन टीम द्वारा विभिन्न प्रखंडों में उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया है। बड़हरवा में दो, बरहेट में 13 तथा राजमहल में दो उर्वरक दुकानों की जांच की गई। जांच के दौरान अनियमितता पाए जाने पर पांच प्रतिष्ठानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इस पर उपायुक्त ने जिले के सभी उर्वरक विक्रेताओं की नियमित और सघन जांच सुनिश्चित करने का निर्देश देते हुए कहा कि किसानों को निर्धारित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराया जाए।

धान बीज का पर्याप्त आवंटन, जल्द होगा वितरण
खरीफ मौसम के लिए बीज विनिमय एवं वितरण योजना की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले को विभिन्न किस्मों के धान बीजों का पर्याप्त आवंटन प्राप्त हुआ है। इसके तहत एमटीयू-7029 किस्म का 2500 क्विंटल, एमटीयू-1010 किस्म का 100 क्विंटल प्रमाणित बीज, संकर धान बीज एराइज-6444 गोल्ड का 100 क्विंटल तथा सावा-7301 का 100 क्विंटल आवंटित किया गया है। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी पात्र किसानों के बीच समय पर बीज वितरण सुनिश्चित किया जाए ताकि बुवाई कार्य प्रभावित न हो।
1270 मिट्टी नमूनों के संग्रहण का लक्ष्य
मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में जिले को कुल 1270 मिट्टी नमूने संग्रहित करने का लक्ष्य मिला है। इसमें नेशनल मिशन ऑन सॉयल हेल्थ एंड फर्टिलिटी के तहत 1020 तथा नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग के तहत 250 नमूनों का संग्रहण किया जाएगा। इसके लिए प्रखंडवार लक्ष्य निर्धारित कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
केसीसी के तहत 697.92 लाख रुपये का कृषि ऋण वितरित
किसान क्रेडिट कार्ड योजना की समीक्षा में बताया गया कि चालू वित्तीय वर्ष में 1009 आवेदन विभिन्न बैंकों को भेजे गए थे। इनमें से 984 आवेदनों को स्वीकृति प्रदान की गई है तथा किसानों के बीच 697.92 लाख रुपये का कृषि ऋण वितरित किया गया है। उपायुक्त ने लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन तथा अधिक से अधिक पात्र किसानों को योजना से जोड़ने के निर्देश दिए।
किसान समृद्धि योजना में 368 किसानों को मिला कार्यादेश
किसान समृद्धि योजना की समीक्षा में बताया गया कि वर्ष 2023-24 और 2024-25 के लंबित लक्ष्यों को मिलाकर जिले का कुल लक्ष्य 407 निर्धारित किया गया है। इसके विरुद्ध अब तक 905 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 774 आवेदनों का ई-केवाईसी पूरा हो चुका है। अब तक 368 किसानों को कार्यादेश जारी किया जा चुका है, जबकि शेष इकाइयों के लिए किसानों से अंशदान प्राप्त कर प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
डिजिटल क्रॉप सर्वे के लिए तैयारी पूरी रखने का निर्देश
डिजिटल क्रॉप सर्वे योजना के संबंध में अधिकारियों ने बताया कि खरीफ मौसम 2026-27 के लिए अभी लक्ष्य प्राप्त नहीं हुआ है। इस पर उपायुक्त ने सभी प्रारंभिक तैयारियां पूर्ण रखने का निर्देश दिया ताकि लक्ष्य प्राप्त होते ही सर्वेक्षण कार्य शुरू किया जा सके।
बैठक के अंत में उपायुक्त दीपक कुमार दुबे ने कहा कि कृषि विभाग की सभी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक समय पर पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग, पारदर्शिता और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया।
बैठक में जिला कृषि पदाधिकारी प्रमोद एक्का, जिला उद्यान पदाधिकारी अमितेश कुमार, आत्मा पदाधिकारी, एटीएम, बीटीएम सहित कृषि विभाग के अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।