पतना, संवाददाता।
धार्मिक नगरी पतना स्थित माँ बिंदुवासिनी मंदिर प्रांगण सोमवार को आस्था, श्रद्धा और उत्साह के संगम का साक्षी बना, जब अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर भगवान राम की 41 फीट ऊंची भव्य प्रतिमा तथा सीता जलकुंड निर्माण हेतु विधिवत भूमि पूजन किया गया। प्रातः करीब 11 बजे वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच यह ऐतिहासिक कार्य संपन्न हुआ।

भव्य आध्यात्मिक व पर्यटन केंद्र के रूप में उभरेगा क्षेत्र
बिन्दुधाम प्रबंध समिति के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में मंदिर के मुख्य पुजारी गंगा बाबा ने पूरे विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना कर भूमि पूजन संपन्न कराया।

प्रबंध समिति के कार्यकारी अध्यक्ष शक्तिनाथ अमन एवं सचिव दिनेश कर्मकार ने बताया कि प्रस्तावित 41 फीट ऊंची भगवान राम की प्रतिमा इस क्षेत्र की आस्था का प्रमुख केंद्र बनेगी। साथ ही, सीता जलकुंड का निर्माण श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र होगा, जिससे धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने कहा कि इस परियोजना के पूर्ण होने के बाद पतना क्षेत्र न केवल धार्मिक दृष्टि से, बल्कि पर्यटन के मानचित्र पर भी एक महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त करेगा।
‘जय श्री राम’ के नारों से गूंजा परिसर
भूमि पूजन को लेकर सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। “जय श्री राम” और “जय माँ बिंदुवासिनी” के जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। उपस्थित श्रद्धालुओं ने इस पहल को क्षेत्र के विकास और धार्मिक पहचान को सशक्त करने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया।
जनप्रतिनिधियों व गणमान्य लोगों की रही उपस्थिति
इस अवसर पर रांगा थाना प्रभारी अखिलेश यादव, कुश्माकर तिवारी, पतना उप प्रमुख जितेंद्र यादव सहित क्षेत्र के कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। सभी ने इस महत्वाकांक्षी योजना की सराहना करते हुए इसके शीघ्र पूर्ण होने की कामना की।
निर्माण कार्य जल्द पूरा करने का संकल्प
कार्यक्रम के अंत में प्रबंध समिति ने इस पुण्य कार्य में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया और निर्माण कार्य को निर्धारित समयसीमा में पूर्ण करने का संकल्प दोहराया।
यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बना, बल्कि पतना क्षेत्र के सांस्कृतिक और पर्यटन विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित हुआ।
